महीने के त्योहार
हिंदू कैलेंडर मई 2027: त्योहार, व्रत और तिथि
रवि, 9 मई
1 त्योहार · 7 व्रत के दिन
हिंदू कैलेंडर में मई 2027 वैशाख कृष्ण दशमी से ज्येष्ठ कृष्ण दशमी तक चलता है (पूर्णिमांत गणना, विक्रम संवत 2084 रौद्र)। इस महीने 1 त्योहार और 7 व्रत के दिन पड़ते हैं; हर दिन की तिथि, नक्षत्र और हर तारीख़ चंद्रमा और सूर्य की स्थिति से गिनी गई है, किसी सूची से नकल नहीं की गई।
नीचे दी गई हर तारीख़ नई दिल्ली के लिए गणना की गई है। अपने शहर के लिए उस त्योहार का अपना पेज खोलें — चंद्रोदय पर तय होने वाला व्रत, जैसे करवा चौथ, दूसरे शहर में सचमुच किसी और दिन पड़ सकता है।
| तारीख़ | वार | त्योहार / व्रत |
|---|---|---|
| 9 मई 2027 | रविवार | अक्षय तृतीया |
हर पंक्ति नई दिल्ली के सूर्योदय से शुरू होने वाला दिन है। तिथि वह है जो सूर्योदय के समय चल रही है — वही दिन का नाम बनती है — और साथ में उसका समाप्ति-समय (24 घंटे की घड़ी, IST)। जो तिथि अगले सूर्योदय पर भी चल रही हो, वह दो दिनों का नाम बनती है (वृद्धि); जो तिथि दो सूर्योदयों के बीच ही शुरू होकर ख़त्म हो जाए, वह क्षय तिथि है और उसी दिन के साथ लिखी गई है। मास उत्तर भारत की पूर्णिमांत गणना का है; जिन दिनों अमांत नाम अलग है, वह कोष्ठक में है।
| तारीख़ | वार | सूर्योदय की तिथि | नक्षत्र | हिंदू मास | त्योहार / व्रत |
|---|---|---|---|---|---|
| शनिवार | कृष्ण दशमी — 18:54 तक | शतभिषा | वैशाख (अमांत: चैत्र) | — | |
| रविवार | कृष्ण एकादशी — 19:52 तक | पूर्व भाद्रपदा | वैशाख (अमांत: चैत्र) | वरूथिनी एकादशी | |
| सोमवार | कृष्ण द्वादशी — 20:04 तक | उत्तर भाद्रपदा | वैशाख (अमांत: चैत्र) | सोम प्रदोष | |
| मंगलवार | कृष्ण त्रयोदशी — 19:31 तक | रेवती | वैशाख (अमांत: चैत्र) | — | |
| बुधवार | कृष्ण चतुर्दशी — 18:17 तक | अश्विनी | वैशाख (अमांत: चैत्र) | — | |
| गुरुवार | अमावस्या — 16:28 तक | भरणी | वैशाख (अमांत: चैत्र) | वैशाख अमावस्या | |
| शुक्रवार | शुक्ल प्रतिपदा — 14:14 तक | कृत्तिका | वैशाख | — | |
| शनिवार | शुक्ल द्वितीया — 11:43 तक | रोहिणी | वैशाख | — | |
| रविवार | शुक्ल तृतीया — 09:03 तक | मृगशिरा | वैशाख | अक्षय तृतीया | |
| सोमवार | शुक्ल चतुर्थी — 06:23 तक; फिर पंचमी (क्षय) | आर्द्रा | वैशाख | — | |
| मंगलवार | शुक्ल षष्ठी — 12 मई, 01:24 तक | पुनर्वसु | वैशाख | — | |
| बुधवार | शुक्ल सप्तमी — 23:13 तक | पुष्य | वैशाख | — | |
| गुरुवार | शुक्ल अष्टमी — 21:18 तक | आश्लेषा | वैशाख | — | |
| शुक्रवार | शुक्ल नवमी — 19:39 तक | मघा | वैशाख | — | |
| शनिवार | शुक्ल दशमी — 18:18 तक | पूर्वा फाल्गुनी | वैशाख | — | |
| रविवार | शुक्ल एकादशी — 17:13 तक | उत्तरा फाल्गुनी | वैशाख | मोहिनी एकादशी | |
| सोमवार | शुक्ल द्वादशी — 16:28 तक | हस्त | वैशाख | सोम प्रदोष | |
| मंगलवार | शुक्ल त्रयोदशी — 16:04 तक | चित्रा | वैशाख | — | |
| बुधवार | शुक्ल चतुर्दशी — 16:03 तक | स्वाति | वैशाख | — | |
| गुरुवार | पूर्णिमा — 16:29 तक | विशाखा | वैशाख | वैशाख पूर्णिमा (बुद्ध पूर्णिमा) | |
| शुक्रवार | कृष्ण प्रतिपदा — 17:23 तक | अनुराधा | ज्येष्ठ (अमांत: वैशाख) | — | |
| शनिवार | कृष्ण द्वितीया — 18:48 तक | ज्येष्ठा | ज्येष्ठ (अमांत: वैशाख) | — | |
| रविवार | कृष्ण तृतीया — 20:42 तक | मूल | ज्येष्ठ (अमांत: वैशाख) | संकष्टी चतुर्थी | |
| सोमवार | कृष्ण चतुर्थी — 22:59 तक | पूर्वाषाढ़ा | ज्येष्ठ (अमांत: वैशाख) | — | |
| मंगलवार | कृष्ण पंचमी — 26 मई, 01:31 तक | उत्तराषाढ़ा | ज्येष्ठ (अमांत: वैशाख) | — | |
| बुधवार | कृष्ण षष्ठी — 27 मई, 04:05 तक | श्रवण | ज्येष्ठ (अमांत: वैशाख) | — | |
| गुरुवार | कृष्ण सप्तमी — 28 मई, 06:26 तक (वृद्धि) | धनिष्ठा | ज्येष्ठ (अमांत: वैशाख) | — | |
| शुक्रवार | कृष्ण सप्तमी — 06:26 तक | धनिष्ठा | ज्येष्ठ (अमांत: वैशाख) | — | |
| शनिवार | कृष्ण अष्टमी — 08:20 तक | शतभिषा | ज्येष्ठ (अमांत: वैशाख) | — | |
| रविवार | कृष्ण नवमी — 09:35 तक | पूर्व भाद्रपदा | ज्येष्ठ (अमांत: वैशाख) | — | |
| सोमवार | कृष्ण दशमी — 10:02 तक | उत्तर भाद्रपदा | ज्येष्ठ (अमांत: वैशाख) | — |
विक्रम संवत 2084 (रौद्र), शक संवत 1949।
| गणना | हिंदू मास | से | तक |
|---|---|---|---|
| पूर्णिमांत (उत्तर भारत: मास पूर्णिमा पर पूरा होता है) | वैशाख | 1 मई 2027 | 20 मई 2027 |
| पूर्णिमांत (उत्तर भारत: मास पूर्णिमा पर पूरा होता है) | ज्येष्ठ | 21 मई 2027 | 31 मई 2027 |
| अमांत (दक्षिण और पश्चिम भारत: मास अमावस्या पर पूरा होता है) | चैत्र | 1 मई 2027 | 6 मई 2027 |
| अमांत (दक्षिण और पश्चिम भारत: मास अमावस्या पर पूरा होता है) | वैशाख | 7 मई 2027 | 31 मई 2027 |
दोनों गणनाएँ हर महीने लगभग आधे दिनों को अलग नाम देती हैं: पूर्णिमांत मास पूर्णिमा पर पूरा होता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष अगले मास के नाम से गिना जाता है, जबकि अमांत मास अमावस्या तक चलता है। विक्रम संवत यहाँ पूर्णिमांत चैत्र के पहले दिन से बदला गया है, जैसा AstroSage छापता है; अमांत पंचांग मानने वाले नया वर्ष लगभग पंद्रह दिन बाद चैत्र शुक्ल प्रतिपदा (गुड़ी पड़वा, उगादि) से मानते हैं, और शक संवत भी उसी दिन बदलता है।
| तारीख़ | वार | त्योहार / व्रत |
|---|---|---|
| 2 मई 2027 | रविवार | वरूथिनी एकादशी |
| 3 मई 2027 | सोमवार | सोम प्रदोष |
| 6 मई 2027 | गुरुवार | वैशाख अमावस्या |
| 16 मई 2027 | रविवार | मोहिनी एकादशी |
| 17 मई 2027 | सोमवार | सोम प्रदोष |
| 20 मई 2027 | गुरुवार | वैशाख पूर्णिमा (बुद्ध पूर्णिमा) |
| 23 मई 2027 | रविवार | संकष्टी चतुर्थी |
मई 2027 के त्योहार — सामान्य प्रश्न
मई 2027 में कौन-सा हिंदू मास है?
पूर्णिमांत गणना में: वैशाख 1 मई से 20 मई; ज्येष्ठ 21 मई से 31 मई तक। अमांत गणना में: चैत्र 1 मई से 6 मई; वैशाख 7 मई से 31 मई तक।
मई 2027 में कौन-सा विक्रम संवत है?
विक्रम संवत 2084 (रौद्र), शक संवत 1949।
मई 2027 में कौन-कौन से त्योहार हैं?
अक्षय तृतीया (9)। हर तारीख़ नई दिल्ली के सूर्योदय के लिए गणना की गई है।
मई 2027 में एकादशी कब है?
2 मई 2027, 16 मई 2027।
मई 2027 में पूर्णिमा और अमावस्या कब है?
पूर्णिमा: 20 मई 2027। अमावस्या: 6 मई 2027।
क्या ये तारीख़ें हर शहर के लिए एक जैसी हैं?
लगभग, पर हमेशा नहीं। तिथि किस दिन का नाम बनेगी यह सूर्योदय तय करता है, और भारत में सूर्योदय एक घंटे से ज़्यादा अलग होता है — इसलिए किसी-किसी साल कोई व्रत दो शहरों में अलग दिन पड़ता है। हर त्योहार के अपने पेज पर शहर बदलने की सुविधा है।