मुहूर्त कैलेंडर · नई दिल्ली
फरवरी 2026 में नामकरण मुहूर्त
रवि, 1 फरवरी
सुबह 7:09 – रात 11:58
फरवरी 2026 में नामकरण के 13 शुभ मुहूर्त हैं: 1, 4, 5, 6, 8, 11, 15, 18, 19, 20, 22, 25 और 26 फरवरी। पहला मुहूर्त रविवार, 1 फरवरी 2026 को सुबह 7:09 – रात 11:58 है।
उसके बाद: बुध, 4 फरवरी · रात 10:12 – रात 12:10 (5 फरवरी)
| रवि | सोम | मंगल | बुध | गुरु | शुक्र | शनि |
|---|---|---|---|---|---|---|
| सुबह 7:09 | रात 10:12 | रात 12:22 | सुबह 7:06 | |||
| सुबह 7:04 | सुबह 9:59 | |||||
| सुबह 6:59 | सुबह 6:56 | रात 8:52 | सुबह 6:55 | |||
| सुबह 6:53 | रात 2:41 | सुबह 6:49 |
मुहूर्त
- नई दिल्ली के लिए सूर्य और चंद्रमा की स्थिति से गणना — किसी छपी सूची से नकल नहीं।
- हर मुहूर्त के साथ वह नक्षत्र, तिथि और वार दिया है जिन पर वह शुद्ध निकला।
- शुभ
रविवार, 1 फरवरी 2026
सुबह 7:09 – रात 11:58
- पुष्य
- पूर्णिमा (1 फरवरी, सुबह 5:53 – 2 फरवरी, रात 3:39)
- नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, रविवार
- शुभ
बुधवार, 4 फरवरी 2026
रात 10:12 – रात 12:10 (5 फरवरी)
- उत्तरा फाल्गुनी
- कृष्ण तृतीया (4 फरवरी, रात 12:41 – 5 फरवरी, रात 12:10)
- नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, बुधवार
- शुभ
गुरुवार, 5 फरवरी 2026
रात 12:22 – सुबह 7:06 (6 फरवरी)
- हस्त
- कृष्ण पंचमी (6 फरवरी, रात 12:22 – 7 फरवरी, रात 1:19)
- नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, गुरुवार
- शुभ
शुक्रवार, 6 फरवरी 2026
सुबह 7:06 – सुबह 7:05 (7 फरवरी)
- हस्त, चित्रा
- कृष्ण पंचमी (6 फरवरी, रात 12:22 – 7 फरवरी, रात 1:19)
कृष्ण षष्ठी (7 फरवरी, रात 1:19 – 8 फरवरी, रात 2:54) - नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, शुक्रवार
- शुभ
रविवार, 8 फरवरी 2026
सुबह 7:04 – सुबह 5:02 (9 फरवरी)
- स्वाति
- कृष्ण सप्तमी (8 फरवरी, रात 2:54 – 9 फरवरी, सुबह 5:01)
कृष्ण अष्टमी (9 फरवरी, सुबह 5:01 – 10 फरवरी, सुबह 7:27) - नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, रविवार
- शुभ
बुधवार, 11 फरवरी 2026
सुबह 9:59 – सुबह 10:53
- अनुराधा
- कृष्ण दशमी (11 फरवरी, सुबह 9:59 – 12 फरवरी, दोपहर 12:22)
- नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, बुधवार
- शुभ
रविवार, 15 फरवरी 2026
सुबह 6:59 – शाम 5:05
- उत्तराषाढ़ा
- कृष्ण त्रयोदशी (14 फरवरी, शाम 4:02 – 15 फरवरी, शाम 5:05)
- नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, रविवार
- शुभ
बुधवार, 18 फरवरी 2026
सुबह 6:56 – रात 9:16
- शतभिषा
- शुक्ल प्रतिपदा (17 फरवरी, शाम 5:31 – 18 फरवरी, शाम 4:58)
शुक्ल द्वितीया (18 फरवरी, शाम 4:58 – 19 फरवरी, दोपहर 3:59) - नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, बुधवार
- शुभ
गुरुवार, 19 फरवरी 2026
रात 8:52 – सुबह 6:55 (20 फरवरी)
- उत्तर भाद्रपदा
- शुक्ल तृतीया (19 फरवरी, दोपहर 3:59 – 20 फरवरी, दोपहर 2:38)
- नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, गुरुवार
- शुभ
शुक्रवार, 20 फरवरी 2026
सुबह 6:55 – दोपहर 2:38
- उत्तर भाद्रपदा
- शुक्ल तृतीया (19 फरवरी, दोपहर 3:59 – 20 फरवरी, दोपहर 2:38)
- नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, शुक्रवार
- शुभ
रविवार, 22 फरवरी 2026
सुबह 6:53 – शाम 5:54
- अश्विनी
- शुक्ल पंचमी (21 फरवरी, दोपहर 1:01 – 22 फरवरी, सुबह 11:10)
शुक्ल षष्ठी (22 फरवरी, सुबह 11:10 – 23 फरवरी, सुबह 9:09) - नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, रविवार
- शुभ
बुधवार, 25 फरवरी 2026
रात 2:41 – सुबह 6:49 (26 फरवरी)
- मृगशिरा
- शुक्ल दशमी (26 फरवरी, रात 2:41 – 27 फरवरी, रात 12:33)
- नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, बुधवार
- शुभ
गुरुवार, 26 फरवरी 2026
सुबह 6:49 – दोपहर 12:11
- मृगशिरा
- शुक्ल दशमी (26 फरवरी, रात 2:41 – 27 फरवरी, रात 12:33)
- नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, गुरुवार

स्वर्ण से पूछें
क्या यह मुहूर्त मेरी कुंडली के लिए शुभ है? स्वर्ण से मुफ़्त पूछें
- 2 फरवरी चंद्रमा आश्लेषा और मघा नक्षत्र में है — इनमें से कोई भी नामकरण के 14 शुभ नक्षत्रों में नहीं।
- 3 फरवरी मंगलवार — नामकरण मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- 7 फरवरी शनिवार — नामकरण मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- 9 फरवरी चंद्रमा विशाखा नक्षत्र में है — इनमें से कोई भी नामकरण के 14 शुभ नक्षत्रों में नहीं।
- 10 फरवरी मंगलवार — नामकरण मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- 12–13 फरवरी चंद्रमा ज्येष्ठा, मूल और पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र में है — इनमें से कोई भी नामकरण के 14 शुभ नक्षत्रों में नहीं।
- 14 फरवरी शनिवार — नामकरण मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- 16 फरवरी शुभ नक्षत्र केवल कृष्ण चतुर्दशी और अमावस्या में पड़ता है, जो नामकरण के लिए वर्जित है।
- 17 फरवरी मंगलवार — नामकरण मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- 21 फरवरी शनिवार — नामकरण मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- 23 फरवरी चंद्रमा भरणी और कृत्तिका नक्षत्र में है — इनमें से कोई भी नामकरण के 14 शुभ नक्षत्रों में नहीं।
- 24 फरवरी मंगलवार — नामकरण मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- 27 फरवरी चंद्रमा आर्द्रा और पुनर्वसु नक्षत्र में है — इनमें से कोई भी नामकरण के 14 शुभ नक्षत्रों में नहीं।
- 28 फरवरी शनिवार — नामकरण मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- ये नियम कहाँ से: नामकरण के नियम, जिस रूप में सबसे बड़ी गणना-आधारित नामकरण सूची उन्हें लागू करती है। 2026 और 2027 के लिए नई दिल्ली की वह सूची जाँची गई — उसकी हर तारीख इस पेज पर है।
- वार: सोमवार, बुधवार, गुरुवार, शुक्रवार या रविवार (वैदिक वार, जो सूर्योदय से बदलता है)। मंगलवार या शनिवार कभी नहीं।
- नक्षत्र: चंद्रमा इन 14 में से किसी में हो — अश्विनी, रोहिणी, मृगशिरा, पुष्य, उत्तरा फाल्गुनी, हस्त, चित्रा, स्वाति, अनुराधा, उत्तराषाढ़ा, श्रवण, शतभिषा, उत्तर भाद्रपदा और रेवती।
- तिथि: चतुर्थी, नवमी, चतुर्दशी या अमावस्या को छोड़कर कोई भी तिथि, दोनों पक्षों में।
- मौसम: कोई नियम नहीं — बच्चे का नाम उसी महीने रखा जाता है जिसमें वह जन्मा; केवल अधिक मास वर्जित है, जैसा संदर्भ सूची में भी है। अधिक ज्येष्ठ (अधिक मास) 17 मई 2026 से 15 जून 2026 तक है।
- कब — मार्गदर्शन, गणना नहीं: नामकरण परंपरा से जन्म के ग्यारहवें या बारहवें दिन होता है, जब दस दिन का सूतक बीतता है। जो परिवार तब नहीं कर पाते, या बाद में करते हैं — तीन महीने या एक साल पर आम है — वे इस सूची से तारीख चुनते हैं।
- नाम: पहला अक्षर प्रायः जन्म नक्षत्र के चरण से लिया जाता है; बच्चे का नाम खोजने वाला टूल जन्म तारीख और समय से अक्षर बताता है।
- दिन: सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक, नई दिल्ली के अनुसार। जिस दिन को कोई वर्जित अवधि ज़रा भी छूती है, वह पूरा दिन छोड़ दिया जाता है; बाकी दिनों में मुहूर्त वह समय है जब ऊपर की सारी शर्तें एक साथ पूरी हों, और कम से कम 20 मिनट चले।
- जो यहाँ नहीं जाँचा गया: बच्चे की अपनी कुंडली और लग्न। ये पंडित जन्म विवरण से जाँचते हैं।
सामान्य प्रश्न
क्या फरवरी 2026 में नामकरण मुहूर्त है?
हाँ, 13 दिन: 1, 4, 5, 6, 8, 11, 15, 18, 19, 20, 22, 25 और 26 फरवरी।
रविवार, 1 फरवरी 2026 को मुहूर्त का समय क्या है?
सुबह 7:09 – रात 11:58 — नई दिल्ली के समय अनुसार, पुष्य नक्षत्र में।
फरवरी 2026 के बाद अगला नामकरण मुहूर्त कब है?
रविवार, 1 मार्च 2026 को।