मुहूर्त कैलेंडर · नई दिल्ली
दिसंबर 2026 में नामकरण मुहूर्त
बुध, 2 दिसंबर
रात 10:52 – सुबह 6:57 (3 दिसंबर)
दिसंबर 2026 में नामकरण के 15 शुभ मुहूर्त हैं: 2, 3, 4, 6, 11, 13, 14, 16, 17, 18, 20, 23, 25, 30 और 31 दिसंबर। पहला मुहूर्त बुधवार, 2 दिसंबर 2026 को रात 10:52 – सुबह 6:57 (3 दिसंबर) है।
उसके बाद: गुरु, 3 दिसंबर · सुबह 6:57 – सुबह 6:58 (4 दिसंबर)
| रवि | सोम | मंगल | बुध | गुरु | शुक्र | शनि |
|---|---|---|---|---|---|---|
| रात 10:52 | सुबह 6:57 | सुबह 6:58 | ||||
| सुबह 6:59 | रात 3:04 | |||||
| शाम 4:48 | सुबह 7:05 | सुबह 7:06 | दोपहर 3:30 | रात 11:14 | ||
| सुबह 7:08 | सुबह 10:47 | रात 10:50 | ||||
| सुबह 7:12 | सुबह 7:13 |
मुहूर्त
- नई दिल्ली के लिए सूर्य और चंद्रमा की स्थिति से गणना — किसी छपी सूची से नकल नहीं।
- हर मुहूर्त के साथ वह नक्षत्र, तिथि और वार दिया है जिन पर वह शुद्ध निकला।
- शुभ
बुधवार, 2 दिसंबर 2026
रात 10:52 – सुबह 6:57 (3 दिसंबर)
- उत्तरा फाल्गुनी
- कृष्ण दशमी (2 दिसंबर, रात 10:52 – 3 दिसंबर, रात 11:04)
- नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, बुधवार
- शुभ
गुरुवार, 3 दिसंबर 2026
सुबह 6:57 – सुबह 6:58 (4 दिसंबर)
- उत्तरा फाल्गुनी, हस्त
- कृष्ण दशमी (2 दिसंबर, रात 10:52 – 3 दिसंबर, रात 11:04)
कृष्ण एकादशी (3 दिसंबर, रात 11:04 – 4 दिसंबर, रात 11:45) - नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, गुरुवार
- शुभ
शुक्रवार, 4 दिसंबर 2026
सुबह 6:58 – सुबह 6:58 (5 दिसंबर)
- हस्त, चित्रा
- कृष्ण एकादशी (3 दिसंबर, रात 11:04 – 4 दिसंबर, रात 11:45)
कृष्ण द्वादशी (4 दिसंबर, रात 11:45 – 6 दिसंबर, रात 12:52) - नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, शुक्रवार
- शुभ
रविवार, 6 दिसंबर 2026
सुबह 6:59 – दोपहर 1:38
- स्वाति
- कृष्ण त्रयोदशी (6 दिसंबर, रात 12:52 – 7 दिसंबर, रात 2:22)
- नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, रविवार
- शुभ
शुक्रवार, 11 दिसंबर 2026
रात 3:04 – सुबह 7:03 (12 दिसंबर)
- उत्तराषाढ़ा
- शुक्ल तृतीया (11 दिसंबर, सुबह 11:23 – 12 दिसंबर, दोपहर 2:06)
- नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, शुक्रवार
- शुभ
रविवार, 13 दिसंबर 2026
शाम 4:48 – सुबह 7:05 (14 दिसंबर)
- श्रवण
- शुक्ल पंचमी (13 दिसंबर, शाम 4:48 – 14 दिसंबर, शाम 7:16)
- नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, रविवार
- शुभ
सोमवार, 14 दिसंबर 2026
सुबह 7:05 – सुबह 9:12
- श्रवण
- शुक्ल पंचमी (13 दिसंबर, शाम 4:48 – 14 दिसंबर, शाम 7:16)
- नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, सोमवार
- शुभ
बुधवार, 16 दिसंबर 2026
सुबह 7:06 – दोपहर 2:02
- शतभिषा
- शुक्ल सप्तमी (15 दिसंबर, रात 9:19 – 16 दिसंबर, रात 10:46)
- नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, बुधवार
- शुभ
गुरुवार, 17 दिसंबर 2026
दोपहर 3:30 – रात 11:26
- उत्तर भाद्रपदा
- शुक्ल अष्टमी (16 दिसंबर, रात 10:46 – 17 दिसंबर, रात 11:26)
- नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, गुरुवार
- शुभ
शुक्रवार, 18 दिसंबर 2026
रात 11:14 – सुबह 7:08 (19 दिसंबर)
- रेवती
- शुक्ल दशमी (18 दिसंबर, रात 11:14 – 19 दिसंबर, रात 10:09)
- नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, शुक्रवार
- शुभ
रविवार, 20 दिसंबर 2026
सुबह 7:08 – दोपहर 2:55
- अश्विनी
- शुक्ल एकादशी (19 दिसंबर, रात 10:09 – 20 दिसंबर, रात 8:15)
- नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, रविवार
- शुभ
बुधवार, 23 दिसंबर 2026
सुबह 10:47 – सुबह 4:53 (24 दिसंबर)
- मृगशिरा
- पूर्णिमा (क्षय) (23 दिसंबर, सुबह 10:47 – 24 दिसंबर, सुबह 6:58)
- नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, बुधवार
- शुभ
शुक्रवार, 25 दिसंबर 2026
रात 10:50 – सुबह 7:11 (26 दिसंबर)
- पुष्य
- कृष्ण द्वितीया (25 दिसंबर, रात 3:07 – 25 दिसंबर, रात 11:26)
कृष्ण तृतीया (25 दिसंबर, रात 11:26 – 26 दिसंबर, रात 8:05) - नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, शुक्रवार
- शुभ
बुधवार, 30 दिसंबर 2026
सुबह 7:12 – सुबह 7:13 (31 दिसंबर)
- उत्तरा फाल्गुनी, हस्त
- कृष्ण सप्तमी (29 दिसंबर, दोपहर 1:25 – 30 दिसंबर, दोपहर 12:36)
कृष्ण अष्टमी (30 दिसंबर, दोपहर 12:36 – 31 दिसंबर, दोपहर 12:32) - नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, बुधवार
- शुभ
गुरुवार, 31 दिसंबर 2026
सुबह 7:13 – दोपहर 12:32
- हस्त
- कृष्ण अष्टमी (30 दिसंबर, दोपहर 12:36 – 31 दिसंबर, दोपहर 12:32)
- नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, गुरुवार

स्वर्ण से पूछें
क्या यह मुहूर्त मेरी कुंडली के लिए शुभ है? स्वर्ण से मुफ़्त पूछें
- 1 दिसंबर मंगलवार — नामकरण मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- 5 दिसंबर शनिवार — नामकरण मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- 7 दिसंबर शुभ नक्षत्र केवल कृष्ण चतुर्दशी और अमावस्या में पड़ता है, जो नामकरण के लिए वर्जित है।
- 8 दिसंबर मंगलवार — नामकरण मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- 9–10 दिसंबर चंद्रमा ज्येष्ठा, मूल और पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र में है — इनमें से कोई भी नामकरण के 14 शुभ नक्षत्रों में नहीं।
- 12 दिसंबर शनिवार — नामकरण मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- 15 दिसंबर मंगलवार — नामकरण मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- 19 दिसंबर शनिवार — नामकरण मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- 21 दिसंबर चंद्रमा भरणी और कृत्तिका नक्षत्र में है — इनमें से कोई भी नामकरण के 14 शुभ नक्षत्रों में नहीं।
- 22 दिसंबर मंगलवार — नामकरण मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- 24 दिसंबर चंद्रमा आर्द्रा और पुनर्वसु नक्षत्र में है — इनमें से कोई भी नामकरण के 14 शुभ नक्षत्रों में नहीं।
- 26 दिसंबर शनिवार — नामकरण मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- 27–28 दिसंबर चंद्रमा आश्लेषा, मघा और पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र में है — इनमें से कोई भी नामकरण के 14 शुभ नक्षत्रों में नहीं।
- 29 दिसंबर मंगलवार — नामकरण मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- ये नियम कहाँ से: नामकरण के नियम, जिस रूप में सबसे बड़ी गणना-आधारित नामकरण सूची उन्हें लागू करती है। 2026 और 2027 के लिए नई दिल्ली की वह सूची जाँची गई — उसकी हर तारीख इस पेज पर है।
- वार: सोमवार, बुधवार, गुरुवार, शुक्रवार या रविवार (वैदिक वार, जो सूर्योदय से बदलता है)। मंगलवार या शनिवार कभी नहीं।
- नक्षत्र: चंद्रमा इन 14 में से किसी में हो — अश्विनी, रोहिणी, मृगशिरा, पुष्य, उत्तरा फाल्गुनी, हस्त, चित्रा, स्वाति, अनुराधा, उत्तराषाढ़ा, श्रवण, शतभिषा, उत्तर भाद्रपदा और रेवती।
- तिथि: चतुर्थी, नवमी, चतुर्दशी या अमावस्या को छोड़कर कोई भी तिथि, दोनों पक्षों में।
- मौसम: कोई नियम नहीं — बच्चे का नाम उसी महीने रखा जाता है जिसमें वह जन्मा; केवल अधिक मास वर्जित है, जैसा संदर्भ सूची में भी है। अधिक ज्येष्ठ (अधिक मास) 17 मई 2026 से 15 जून 2026 तक है।
- कब — मार्गदर्शन, गणना नहीं: नामकरण परंपरा से जन्म के ग्यारहवें या बारहवें दिन होता है, जब दस दिन का सूतक बीतता है। जो परिवार तब नहीं कर पाते, या बाद में करते हैं — तीन महीने या एक साल पर आम है — वे इस सूची से तारीख चुनते हैं।
- नाम: पहला अक्षर प्रायः जन्म नक्षत्र के चरण से लिया जाता है; बच्चे का नाम खोजने वाला टूल जन्म तारीख और समय से अक्षर बताता है।
- दिन: सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक, नई दिल्ली के अनुसार। जिस दिन को कोई वर्जित अवधि ज़रा भी छूती है, वह पूरा दिन छोड़ दिया जाता है; बाकी दिनों में मुहूर्त वह समय है जब ऊपर की सारी शर्तें एक साथ पूरी हों, और कम से कम 20 मिनट चले।
- जो यहाँ नहीं जाँचा गया: बच्चे की अपनी कुंडली और लग्न। ये पंडित जन्म विवरण से जाँचते हैं।
सामान्य प्रश्न
क्या दिसंबर 2026 में नामकरण मुहूर्त है?
हाँ, 15 दिन: 2, 3, 4, 6, 11, 13, 14, 16, 17, 18, 20, 23, 25, 30 और 31 दिसंबर।
बुधवार, 2 दिसंबर 2026 को मुहूर्त का समय क्या है?
रात 10:52 – सुबह 6:57 (3 दिसंबर) — नई दिल्ली के समय अनुसार, उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र में।
दिसंबर 2026 के बाद अगला नामकरण मुहूर्त कब है?
2026 में इसके बाद कोई नहीं।