मुहूर्त कैलेंडर · नई दिल्ली
मई 2027 में विवाह मुहूर्त
मंगल, 4 मई
शाम 4:14 – शाम 7:31
मई 2027 में विवाह के 19 शुभ मुहूर्त हैं: 4, 7, 8, 9, 13, 14, 15, 16, 17, 18, 19, 20, 21, 22, 23, 24, 25, 30 और 31 मई। पहला मुहूर्त मंगलवार, 4 मई 2027 को शाम 4:14 – शाम 7:31 है।
उसके बाद: शुक्र, 7 मई · रात 11:42 – सुबह 5:35 (8 मई)
| रवि | सोम | मंगल | बुध | गुरु | शुक्र | शनि |
|---|---|---|---|---|---|---|
| शाम 4:14 | रात 11:42 | रात 2:37 | ||||
| सुबह 5:34 | दोपहर 1:41 | सुबह 5:31 | दोपहर 12:00 | |||
| रात 2:42 | सुबह 5:29 | रात 11:55 | सुबह 5:28 | रात 10:26 | सुबह 5:27 | शाम 4:50 |
| सुबह 5:26 | रात 10:08 | सुबह 5:25 | ||||
| सुबह 11:32 | सुबह 10:02 |
मुहूर्त
- नई दिल्ली के लिए सूर्य, चंद्रमा, गुरु और शुक्र की स्थिति से गणना — किसी छपी सूची से नकल नहीं।
- हर मुहूर्त के साथ वह नक्षत्र, तिथि, योग और करण दिया है जिन पर वह शुद्ध निकला, और हर वर्जित अवधि का आरंभ और अंत भी।
- शुभ
मंगलवार, 4 मई 2027
शाम 4:14 – शाम 7:31
- रेवती
- कृष्ण त्रयोदशी (3 मई, रात 8:04 – 4 मई, शाम 7:31)
- विवाह नक्षत्र; योग प्रीति, करण वणिज — दोनों शुद्ध
- कन्या शाम 4:14–5:23 · तुला शाम 5:23–7:31
- शुभ
शुक्रवार, 7 मई 2027
रात 11:42 – सुबह 5:35 (8 मई)
- रोहिणी
- शुक्ल द्वितीया (7 मई, दोपहर 2:14 – 8 मई, सुबह 11:43)
- विवाह नक्षत्र; योग शोभन, करण बालव / कौलव — दोनों शुद्ध
- धनु रात 11:42–11:53 · मकर रात 11:53–1:35 · कुंभ रात 1:35–3:03 · मीन रात 3:03–सुबह 4:28 · मेष सुबह 4:28–5:35
- शुभ
शनिवार, 8 मई 2027
रात 2:37 – सुबह 5:34 (9 मई)
- मृगशिरा
- शुक्ल तृतीया (8 मई, सुबह 11:43 – 9 मई, सुबह 9:03)
- विवाह नक्षत्र; योग सुकर्मा, करण गरज — दोनों शुद्ध
- कुंभ रात 2:37–2:59 · मीन रात 2:59–सुबह 4:24 · मेष सुबह 4:24–5:34
- रिक्ता तिथि
रविवार, 9 मई 2027
सुबह 5:34 – शाम 7:43
- मृगशिरा
- शुक्ल तृतीया (8 मई, सुबह 11:43 – 9 मई, सुबह 9:03)
शुक्ल चतुर्थी (9 मई, सुबह 9:03 – 10 मई, सुबह 6:23) - विवाह नक्षत्र; योग सुकर्मा, करण गरज / वणिज — दोनों शुद्ध
रिक्ता तिथि — पंचांग इसे मान्य रखते हैं; कुछ परिवार टालते हैं - मेष सुबह 5:34–5:59 · वृषभ सुबह 5:59–7:54 · मिथुन सुबह 7:54–10:09 · कर्क सुबह 10:09–दोपहर 12:29 · सिंह दोपहर 12:29–2:47 · कन्या दोपहर 2:47–शाम 5:03 · तुला शाम 5:03–7:22 · वृश्चिक शाम 7:22–7:43
- रिक्ता तिथि
गुरुवार, 13 मई 2027
दोपहर 1:41 – सुबह 5:31 (14 मई)
- मघा
- शुक्ल अष्टमी (12 मई, रात 11:13 – 13 मई, रात 9:18)
शुक्ल नवमी (13 मई, रात 9:18 – 14 मई, शाम 7:39) - विवाह नक्षत्र; योग ध्रुव, करण बव / बालव — दोनों शुद्ध
रिक्ता तिथि — पंचांग इसे मान्य रखते हैं; कुछ परिवार टालते हैं - सिंह दोपहर 1:41–2:31 · कन्या दोपहर 2:31–शाम 4:47 · तुला शाम 4:47–7:07 · वृश्चिक शाम 7:07–रात 9:25 · धनु रात 9:25–11:29 · मकर रात 11:29–1:11 · कुंभ रात 1:11–2:39 · मीन रात 2:39–सुबह 4:04 · मेष सुबह 4:04–5:31
- रिक्ता तिथि
शुक्रवार, 14 मई 2027
सुबह 5:31 – सुबह 8:50
- मघा
- शुक्ल नवमी (13 मई, रात 9:18 – 14 मई, शाम 7:39)
- विवाह नक्षत्र; योग ध्रुव, करण बालव / कौलव — दोनों शुद्ध
रिक्ता तिथि — पंचांग इसे मान्य रखते हैं; कुछ परिवार टालते हैं - मेष सुबह 5:31–5:39 · वृषभ सुबह 5:39–7:35 · मिथुन सुबह 7:35–8:50
- शुभ
शनिवार, 15 मई 2027
दोपहर 12:00 – सुबह 4:31 (16 मई)
- उत्तरा फाल्गुनी
- शुक्ल दशमी (14 मई, शाम 7:39 – 15 मई, शाम 6:18)
शुक्ल एकादशी (15 मई, शाम 6:18 – 16 मई, शाम 5:13) - विवाह नक्षत्र; योग हर्षण, करण गरज / वणिज — दोनों शुद्ध
- कर्क दोपहर 12:00–12:06 · सिंह दोपहर 12:06–2:23 · कन्या दोपहर 2:23–शाम 4:39 · तुला शाम 4:39–6:59 · वृश्चिक शाम 6:59–रात 9:17 · धनु रात 9:17–11:21 · मकर रात 11:21–1:04 · कुंभ रात 1:04–2:31 · मीन रात 2:31–3:56 · मेष रात 3:56–सुबह 4:31
- शुभ
रविवार, 16 मई 2027
रात 2:42 – सुबह 5:29 (17 मई)
- हस्त
- शुक्ल द्वादशी (16 मई, शाम 5:13 – 17 मई, शाम 4:28)
- विवाह नक्षत्र; योग सिद्धि, करण बव / बालव — दोनों शुद्ध
- मीन रात 2:42–3:52 · मेष रात 3:52–सुबह 5:27 · वृषभ सुबह 5:27–5:29
- शुभ
सोमवार, 17 मई 2027
सुबह 5:29 – सुबह 11:29
- हस्त
- शुक्ल द्वादशी (16 मई, शाम 5:13 – 17 मई, शाम 4:28)
- विवाह नक्षत्र; योग सिद्धि, करण बालव — दोनों शुद्ध
- वृषभ सुबह 5:29–7:23 · मिथुन सुबह 7:23–9:38 · कर्क सुबह 9:38–11:29
- रिक्ता तिथि
मंगलवार, 18 मई 2027
रात 11:55 – सुबह 5:28 (19 मई)
- स्वाति
- शुक्ल चतुर्दशी (18 मई, शाम 4:04 – 19 मई, शाम 4:03)
- विवाह नक्षत्र; योग वरीयान्, करण गरज / वणिज — दोनों शुद्ध
रिक्ता तिथि — पंचांग इसे मान्य रखते हैं; कुछ परिवार टालते हैं - मकर रात 11:55–12:52 · कुंभ रात 12:52–2:19 · मीन रात 2:19–3:44 · मेष रात 3:44–सुबह 5:20 · वृषभ सुबह 5:20–5:28
- रिक्ता तिथि
बुधवार, 19 मई 2027
सुबह 5:28 – दोपहर 12:19
- स्वाति
- शुक्ल चतुर्दशी (18 मई, शाम 4:04 – 19 मई, शाम 4:03)
- विवाह नक्षत्र; योग वरीयान्, करण वणिज — दोनों शुद्ध
रिक्ता तिथि — पंचांग इसे मान्य रखते हैं; कुछ परिवार टालते हैं - वृषभ सुबह 5:28–7:15 · मिथुन सुबह 7:15–9:30 · कर्क सुबह 9:30–11:50 · सिंह सुबह 11:50–दोपहर 12:19
- शुभ
गुरुवार, 20 मई 2027
रात 10:26 – सुबह 5:27 (21 मई)
- अनुराधा
- कृष्ण प्रतिपदा (20 मई, शाम 4:29 – 21 मई, शाम 5:23)
- विवाह नक्षत्र; योग शिव, करण बालव / कौलव — दोनों शुद्ध
- धनु रात 10:26–11:02 · मकर रात 11:02–12:44 · कुंभ रात 12:44–2:11 · मीन रात 2:11–3:36 · मेष रात 3:36–सुबह 5:12 · वृषभ सुबह 5:12–5:27
- शुभ
शुक्रवार, 21 मई 2027
सुबह 5:27 – दोपहर 2:51
- अनुराधा
- कृष्ण प्रतिपदा (20 मई, शाम 4:29 – 21 मई, शाम 5:23)
- विवाह नक्षत्र; योग शिव, करण कौलव — दोनों शुद्ध
- वृषभ सुबह 5:27–7:07 · मिथुन सुबह 7:07–9:22 · कर्क सुबह 9:22–11:42 · सिंह सुबह 11:42–दोपहर 1:59 · कन्या दोपहर 1:59–2:51
- शुभ
शनिवार, 22 मई 2027
शाम 4:50 – सुबह 5:26 (23 मई)
- मूल
- कृष्ण द्वितीया (21 मई, शाम 5:23 – 22 मई, शाम 6:48)
कृष्ण तृतीया (22 मई, शाम 6:48 – 23 मई, रात 8:42) - विवाह नक्षत्र; योग सिद्ध / साध्य, करण गरज / वणिज — दोनों शुद्ध
- तुला शाम 4:50–6:31 · वृश्चिक शाम 6:31–रात 8:50 · धनु रात 8:50–10:54 · मकर रात 10:54–12:36 · कुंभ रात 12:36–2:04 · मीन रात 2:04–3:29 · मेष रात 3:29–सुबह 5:04 · वृषभ सुबह 5:04–5:26
- शुभ
रविवार, 23 मई 2027
सुबह 5:26 – सुबह 7:42
- मूल
- कृष्ण तृतीया (22 मई, शाम 6:48 – 23 मई, रात 8:42)
- विवाह नक्षत्र; योग साध्य, करण वणिज — दोनों शुद्ध
- वृषभ सुबह 5:26–6:59 · मिथुन सुबह 6:59–7:42
- रिक्ता तिथि
सोमवार, 24 मई 2027
रात 10:08 – सुबह 5:25 (25 मई)
- उत्तराषाढ़ा
- कृष्ण चतुर्थी (23 मई, रात 8:42 – 24 मई, रात 10:59)
कृष्ण पंचमी (24 मई, रात 10:59 – 26 मई, रात 1:31) - विवाह नक्षत्र; योग शुभ / शुक्ल, करण बालव / कौलव — दोनों शुद्ध
रिक्ता तिथि — पंचांग इसे मान्य रखते हैं; कुछ परिवार टालते हैं - धनु रात 10:08–10:46 · मकर रात 10:46–12:28 · कुंभ रात 12:28–1:56 · मीन रात 1:56–3:21 · मेष रात 3:21–सुबह 4:56 · वृषभ सुबह 4:56–5:25
- शुभ
मंगलवार, 25 मई 2027
सुबह 5:25 – रात 1:12 (26 मई)
- उत्तराषाढ़ा
- कृष्ण पंचमी (24 मई, रात 10:59 – 26 मई, रात 1:31)
- विवाह नक्षत्र; योग शुक्ल / ब्रह्म, करण कौलव / तैतिल — दोनों शुद्ध
- वृषभ सुबह 5:25–6:52 · मिथुन सुबह 6:52–9:06 · कर्क सुबह 9:06–11:26 · सिंह सुबह 11:26–दोपहर 1:44 · कन्या दोपहर 1:44–शाम 4:00 · तुला शाम 4:00–6:20 · वृश्चिक शाम 6:20–रात 8:38 · धनु रात 8:38–10:42 · मकर रात 10:42–12:24 · कुंभ रात 12:24–1:12
- शुभ
रविवार, 30 मई 2027
सुबह 11:32 – रात 9:55
- उत्तर भाद्रपदा
- कृष्ण दशमी (30 मई, सुबह 9:35 – 31 मई, सुबह 10:02)
- विवाह नक्षत्र; योग प्रीति, करण वणिज — दोनों शुद्ध
- सिंह सुबह 11:32–दोपहर 1:24 · कन्या दोपहर 1:24–3:40 · तुला दोपहर 3:40–शाम 6:00 · वृश्चिक शाम 6:00–रात 8:18 · धनु रात 8:18–9:55
- शुभ
सोमवार, 31 मई 2027
सुबह 10:02 – सुबह 5:23 (1 जून)
- उत्तर भाद्रपदा, रेवती
- कृष्ण एकादशी (31 मई, सुबह 10:02 – 1 जून, सुबह 9:40)
- विवाह नक्षत्र; योग आयुष्मान् / सौभाग्य, करण बव / बालव — दोनों शुद्ध
- कर्क सुबह 10:02–11:03 · सिंह सुबह 11:03–दोपहर 1:20 · कन्या दोपहर 1:20–3:36 · तुला दोपहर 3:36–शाम 5:56 · वृश्चिक शाम 5:56–रात 8:14 · धनु रात 8:14–10:18 · मकर रात 10:18–12:01 · कुंभ रात 12:01–1:28 · मीन रात 1:28–2:53 · मेष रात 2:53–सुबह 4:28 · वृषभ सुबह 4:28–5:23
लग्न वाले कॉलम में हर मुहूर्त के भीतर उदित होने वाली हर राशि है, नई दिल्ली के लिए। फेरों के लिए इनमें से कौन-सा लग्न लें, यह पंडित वर-वधू की कुंडली देखकर तय करते हैं; सूची केवल उपलब्ध लग्न दिखाती है।

स्वर्ण से पूछें
क्या यह मुहूर्त मेरी कुंडली के लिए शुभ है? स्वर्ण से मुफ़्त पूछें
- 1 मई चंद्रमा शतभिषा और पूर्व भाद्रपदा नक्षत्र में है — इनमें से कोई भी विवाह के 11 शुभ नक्षत्रों में नहीं।
- 2–3 मई नक्षत्र और तिथि केवल त्याज्य योग वैधृति और विष्कम्भ में मिलते हैं।
- 5–6 मई चंद्रमा अश्विनी, भरणी और कृत्तिका नक्षत्र में है — इनमें से कोई भी विवाह के 11 शुभ नक्षत्रों में नहीं।
- 10–12 मई चंद्रमा आर्द्रा, पुनर्वसु, पुष्य और आश्लेषा नक्षत्र में है — इनमें से कोई भी विवाह के 11 शुभ नक्षत्रों में नहीं।
- 26–29 मई चंद्रमा श्रवण, धनिष्ठा, शतभिषा और पूर्व भाद्रपदा नक्षत्र में है — इनमें से कोई भी विवाह के 11 शुभ नक्षत्रों में नहीं।
- खरमास वर्जित: धनु या मीन राशि में सूर्य रहते कोई विवाह नहीं (16 दिसंबर 2026 – 14 जनवरी 2027, 15 मार्च 2027 – 14 अप्रैल 2027 और 16 दिसंबर 2027 – 15 जनवरी 2028)।
- चातुर्मास वर्जित: देवशयनी एकादशी आरंभ होने (13 जुलाई 2027, दोपहर 12:09) से देवउठनी एकादशी आरंभ होने (9 नवंबर 2027, सुबह 7:35) तक।
- अधिक मास वर्जित: 2027 में कोई अधिक मास नहीं है।
- गुरु और शुक्र उदित हों: जब तक गुरु सूर्य से 11° के भीतर हो या शुक्र 10° के भीतर (वक्री हो तो 8°), वह ग्रह अस्त है और कोई विवाह नहीं — यही अस्त की शास्त्रीय अंश-सीमा है।
- नक्षत्र: चंद्रमा इन ग्यारह में से किसी में हो — रोहिणी, मृगशिरा, मघा, उत्तरा फाल्गुनी, हस्त, स्वाति, अनुराधा, मूल, उत्तराषाढ़ा, उत्तर भाद्रपदा और रेवती।
- तिथि: अमावस्या नहीं। रिक्ता तिथियाँ (चतुर्थी, नवमी, चतुर्दशी) प्रकाशित पंचांग मान्य रखते हैं, इसलिए यहाँ भी शामिल हैं — पर तालिका में चिह्नित हैं।
- योग और करण: मुहूर्त में ये नौ त्याज्य योग न हों — अतिगण्ड, गण्ड, परिघ, शूल, वैधृति, वज्र, विष्कम्भ, व्याघात और व्यतीपात — और न ये करण — चतुष्पाद, किंस्तुघ्न, नाग, शकुनि और विष्टि।
- दिन: सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक, नई दिल्ली के अनुसार। जिस दिन को कोई वर्जित अवधि ज़रा भी छूती है, वह पूरा दिन छोड़ दिया जाता है; बाकी दिनों में मुहूर्त वह समय है जब ऊपर की सारी शर्तें एक साथ पूरी हों।
- जो यहाँ तय नहीं किया गया: फेरों का लग्न — महीने के पेज हर मुहूर्त के भीतर उदित होने वाले सारे लग्न दिखाते हैं — और वर-वधू की अपनी कुंडलियाँ (गुरु, सूर्य और चंद्र बल)। लग्न मुहूर्त के भीतर पंडित तय करते हैं।
सामान्य प्रश्न
क्या मई 2027 में विवाह मुहूर्त है?
हाँ, 19 दिन: 4, 7, 8, 9, 13, 14, 15, 16, 17, 18, 19, 20, 21, 22, 23, 24, 25, 30 और 31 मई।
मंगलवार, 4 मई 2027 को मुहूर्त का समय क्या है?
शाम 4:14 – शाम 7:31 — नई दिल्ली के समय अनुसार, रेवती नक्षत्र में।
मई 2027 के बाद अगला विवाह मुहूर्त कब है?
मंगलवार, 1 जून 2027 को।