मुहूर्त कैलेंडर · नई दिल्ली
मार्च 2026 में गृह प्रवेश मुहूर्त
बुध, 4 मार्च
सुबह 7:39 – सुबह 6:42 (5 मार्च)
मार्च 2026 में गृह प्रवेश के 6 शुभ मुहूर्त हैं: 4, 5, 6, 9, 13 और 14 मार्च। पहला मुहूर्त बुधवार, 4 मार्च 2026 को सुबह 7:39 – सुबह 6:42 (5 मार्च) है।
उसके बाद: गुरु, 5 मार्च · सुबह 6:42 – सुबह 8:17
| रवि | सोम | मंगल | बुध | गुरु | शुक्र | शनि |
|---|---|---|---|---|---|---|
| सुबह 7:39 | सुबह 6:42 | सुबह 9:30 | ||||
| रात 11:27 | रात 3:03 | सुबह 6:32 | ||||
मुहूर्तवर्जित अवधि
- नई दिल्ली के लिए सूर्य, चंद्रमा, गुरु और शुक्र की स्थिति से गणना — किसी छपी सूची से नकल नहीं।
- हर मुहूर्त के साथ वह नक्षत्र, तिथि, वार और मास दिया है जिन पर वह शुद्ध निकला, और हर वर्जित मास का आरंभ और अंत भी।
- शुभ
बुधवार, 4 मार्च 2026
सुबह 7:39 – सुबह 6:42 (5 मार्च)
- उत्तरा फाल्गुनी
- कृष्ण प्रतिपदा (3 मार्च, शाम 5:07 – 4 मार्च, शाम 4:49)
कृष्ण द्वितीया (4 मार्च, शाम 4:49 – 5 मार्च, शाम 5:04) - फाल्गुन
- स्थिर/मृदु नक्षत्र, शुभ तिथि, बुधवार, फाल्गुन मास
- मीन सुबह 7:39–8:42 · मेष सुबह 8:42–10:17 · वृषभ सुबह 10:17–दोपहर 12:13 · मिथुन दोपहर 12:13–2:28 · कर्क दोपहर 2:28–शाम 4:48 · सिंह शाम 4:48–7:05 · कन्या शाम 7:05–रात 9:21 · तुला रात 9:21–11:41 · वृश्चिक रात 11:41–1:59 · धनु रात 1:59–सुबह 4:03 · मकर सुबह 4:03–5:46 · कुंभ सुबह 5:46–6:42
- शुभ
गुरुवार, 5 मार्च 2026
सुबह 6:42 – सुबह 8:17
- उत्तरा फाल्गुनी
- कृष्ण द्वितीया (4 मार्च, शाम 4:49 – 5 मार्च, शाम 5:04)
- फाल्गुन
- स्थिर/मृदु नक्षत्र, शुभ तिथि, गुरुवार, फाल्गुन मास
- कुंभ सुबह 6:42–7:13 · मीन सुबह 7:13–8:17
- शुभ
शुक्रवार, 6 मार्च 2026
सुबह 9:30 – शाम 5:53
- चित्रा
- कृष्ण तृतीया (5 मार्च, शाम 5:04 – 6 मार्च, शाम 5:53)
- फाल्गुन
- स्थिर/मृदु नक्षत्र, शुभ तिथि, शुक्रवार, फाल्गुन मास
- मेष सुबह 9:30–10:09 · वृषभ सुबह 10:09–दोपहर 12:05 · मिथुन दोपहर 12:05–2:20 · कर्क दोपहर 2:20–शाम 4:40 · सिंह शाम 4:40–5:53
- शुभ
सोमवार, 9 मार्च 2026
रात 11:27 – सुबह 6:36 (10 मार्च)
- अनुराधा
- कृष्ण सप्तमी (9 मार्च, रात 11:27 – 11 मार्च, रात 1:54)
- फाल्गुन
- स्थिर/मृदु नक्षत्र, शुभ तिथि, सोमवार, फाल्गुन मास
- वृश्चिक रात 11:27–1:40 · धनु रात 1:40–3:44 · मकर रात 3:44–सुबह 5:26 · कुंभ सुबह 5:26–6:36
- शुभ
शुक्रवार, 13 मार्च 2026
रात 3:03 – सुबह 6:32 (14 मार्च)
- उत्तराषाढ़ा
- कृष्ण दशमी (13 मार्च, सुबह 6:29 – 14 मार्च, सुबह 8:11)
- फाल्गुन
- स्थिर/मृदु नक्षत्र, शुभ तिथि, शुक्रवार, फाल्गुन मास
- धनु रात 3:03–3:28 · मकर रात 3:28–सुबह 5:10 · कुंभ सुबह 5:10–6:32
- खरमास में
शनिवार, 14 मार्च 2026
सुबह 6:32 – सुबह 4:49 (15 मार्च)
- उत्तराषाढ़ा
- कृष्ण दशमी (13 मार्च, सुबह 6:29 – 14 मार्च, सुबह 8:11)
कृष्ण एकादशी (14 मार्च, सुबह 8:11 – 15 मार्च, सुबह 9:17) - फाल्गुन
- स्थिर/मृदु नक्षत्र, शुभ तिथि, शनिवार, फाल्गुन मास
खरमास में — कई परिवार इसके बीतने की प्रतीक्षा करते हैं - कुंभ सुबह 6:32–6:38 · मीन सुबह 6:38–8:03 · मेष सुबह 8:03–9:38 · वृषभ सुबह 9:38–11:34 · मिथुन सुबह 11:34–दोपहर 1:48 · कर्क दोपहर 1:48–शाम 4:09 · सिंह शाम 4:09–6:26 · कन्या शाम 6:26–रात 8:42 · तुला रात 8:42–11:02 · वृश्चिक रात 11:02–1:20 · धनु रात 1:20–3:24 · मकर रात 3:24–सुबह 4:49
लग्न वाले कॉलम में हर मुहूर्त के भीतर उदित होने वाली हर राशि है, नई दिल्ली के लिए; स्थिर लग्न — वृषभ, सिंह, वृश्चिक और कुंभ, जो गृह प्रवेश के लिए उत्तम माने जाते हैं — मोटे अक्षरों में हैं।

स्वर्ण से पूछें
क्या यह मुहूर्त मेरी कुंडली के लिए शुभ है? स्वर्ण से मुफ़्त पूछें
- 1 मार्च रविवार — गृह प्रवेश रविवार या मंगलवार को नहीं होता।
- 2 मार्च चंद्रमा आश्लेषा और मघा नक्षत्र में है — इनमें से कोई भी गृह प्रवेश के 8 शुभ नक्षत्रों में नहीं।
- 3 मार्च मंगलवार — गृह प्रवेश रविवार या मंगलवार को नहीं होता।
- 7 मार्च शुभ नक्षत्र केवल कृष्ण चतुर्थी में पड़ता है, जो गृह प्रवेश के लिए वर्जित है।
- 8 मार्च रविवार — गृह प्रवेश रविवार या मंगलवार को नहीं होता।
- 10 मार्च मंगलवार — गृह प्रवेश रविवार या मंगलवार को नहीं होता।
- 11–12 मार्च चंद्रमा ज्येष्ठा, मूल और पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र में है — इनमें से कोई भी गृह प्रवेश के 8 शुभ नक्षत्रों में नहीं।
- 15 मार्च रविवार — गृह प्रवेश रविवार या मंगलवार को नहीं होता।
- 16 मार्च चंद्रमा धनिष्ठा और शतभिषा नक्षत्र में है — इनमें से कोई भी गृह प्रवेश के 8 शुभ नक्षत्रों में नहीं।
- 17 मार्च मंगलवार — गृह प्रवेश रविवार या मंगलवार को नहीं होता।
- 18 मार्च शुभ नक्षत्र केवल अमावस्या में पड़ता है, जो गृह प्रवेश के लिए वर्जित है।
- 19–31 मार्च चैत्र मास (19 मार्च 2026 से 17 अप्रैल 2026) गृह प्रवेश के लिए वर्जित है।
- मास: वैशाख, ज्येष्ठ, कार्तिक, मार्गशीर्ष, माघ और फाल्गुन — अमावस्या से अमावस्या तक गिने (अमांत)। चैत्र, आषाढ़ से आश्विन तक के चार मास और पौष वर्जित हैं, और कोई भी अधिक मास भी।
- वार: रविवार और मंगलवार कभी नहीं (वैदिक वार, जो सूर्योदय से बदलता है)।
- नक्षत्र: रोहिणी, मृगशिरा, उत्तरा फाल्गुनी, चित्रा, अनुराधा, उत्तराषाढ़ा, उत्तर भाद्रपदा और रेवती — स्थिर और मृदु नक्षत्र।
- तिथि: किसी भी पक्ष की द्वितीया, तृतीया, पंचमी, सप्तमी, दशमी, एकादशी या त्रयोदशी, या कृष्ण प्रतिपदा। द्वादशी, रिक्ता तिथियाँ, षष्ठी, अष्टमी, पूर्णिमा और अमावस्या नहीं — प्रकाशित सूचियाँ द्वादशी पर भी गृह प्रवेश नहीं देतीं।
- गुरु और शुक्र उदित हों: जब तक गुरु सूर्य से 11° के भीतर हो या शुक्र 10° के भीतर (वक्री हो तो 8°), वह ग्रह अस्त है और गृह प्रवेश नहीं।
- खरमास: प्रकाशित गृह प्रवेश सूचियाँ इसे नियम नहीं मानतीं, इसलिए यहाँ भी नहीं; पर खरमास (16 दिसंबर 2025 – 14 जनवरी 2026, 15 मार्च 2026 – 14 अप्रैल 2026 और 16 दिसंबर 2026 – 14 जनवरी 2027) में पड़ने वाली तिथियाँ चिह्नित हैं, क्योंकि कई परिवार इसके बीतने तक रुकते हैं।
- दिन: सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक, नई दिल्ली के अनुसार। जिस दिन को कोई वर्जित अवधि छूती है, वह पूरा छोड़ दिया जाता है।
- जो यहाँ तय नहीं किया गया: प्रवेश का लग्न (स्थिर लग्न उत्तम माना जाता है; महीने के पेज हर मुहूर्त में उदित स्थिर लग्न मोटे अक्षरों में दिखाते हैं) और गृहस्वामी की अपनी कुंडली। लग्न मुहूर्त के भीतर पंडित तय करते हैं।
सामान्य प्रश्न
क्या मार्च 2026 में गृह प्रवेश मुहूर्त है?
हाँ, 6 दिन: 4, 5, 6, 9, 13 और 14 मार्च।
बुधवार, 4 मार्च 2026 को मुहूर्त का समय क्या है?
सुबह 7:39 – सुबह 6:42 (5 मार्च) — नई दिल्ली के समय अनुसार, उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र में।
मार्च 2026 के बाद अगला गृह प्रवेश मुहूर्त कब है?
सोमवार, 20 अप्रैल 2026 को।