मुहूर्त कैलेंडर · नई दिल्ली
मार्च 2026 में अन्नप्राशन मुहूर्त
बुध, 4 मार्च
शाम 4:49 – सुबह 6:42 (5 मार्च)
मार्च 2026 में अन्नप्राशन के 10 शुभ मुहूर्त हैं: 4, 5, 6, 9, 13, 16, 19, 20, 25 और 27 मार्च। पहला मुहूर्त बुधवार, 4 मार्च 2026 को शाम 4:49 – सुबह 6:42 (5 मार्च) है।
उसके बाद: गुरु, 5 मार्च · सुबह 6:42 – सुबह 6:41 (6 मार्च)
| रवि | सोम | मंगल | बुध | गुरु | शुक्र | शनि |
|---|---|---|---|---|---|---|
| शाम 4:49 | सुबह 6:42 | सुबह 6:41 | ||||
| रात 11:27 | रात 3:03 | |||||
| सुबह 9:41 | सुबह 4:52 | सुबह 6:25 | ||||
| सुबह 6:19 | सुबह 10:07 | |||||
मुहूर्त
- नई दिल्ली के लिए सूर्य और चंद्रमा की स्थिति से गणना — किसी छपी सूची से नकल नहीं।
- हर मुहूर्त के साथ वह नक्षत्र, तिथि और वार दिया है जिन पर वह शुद्ध निकला।
- शुभ
बुधवार, 4 मार्च 2026
शाम 4:49 – सुबह 6:42 (5 मार्च)
- उत्तरा फाल्गुनी
- कृष्ण द्वितीया (4 मार्च, शाम 4:49 – 5 मार्च, शाम 5:04)
- अन्नप्राशन का नक्षत्र और तिथि, बुधवार
- शुभ
गुरुवार, 5 मार्च 2026
सुबह 6:42 – सुबह 6:41 (6 मार्च)
- उत्तरा फाल्गुनी, हस्त
- कृष्ण द्वितीया (4 मार्च, शाम 4:49 – 5 मार्च, शाम 5:04)
कृष्ण तृतीया (5 मार्च, शाम 5:04 – 6 मार्च, शाम 5:53) - अन्नप्राशन का नक्षत्र और तिथि, गुरुवार
- शुभ
शुक्रवार, 6 मार्च 2026
सुबह 6:41 – शाम 5:53
- हस्त, चित्रा
- कृष्ण तृतीया (5 मार्च, शाम 5:04 – 6 मार्च, शाम 5:53)
- अन्नप्राशन का नक्षत्र और तिथि, शुक्रवार
- शुभ
सोमवार, 9 मार्च 2026
रात 11:27 – सुबह 6:36 (10 मार्च)
- अनुराधा
- कृष्ण सप्तमी (9 मार्च, रात 11:27 – 11 मार्च, रात 1:54)
- अन्नप्राशन का नक्षत्र और तिथि, सोमवार
- शुभ
शुक्रवार, 13 मार्च 2026
रात 3:03 – सुबह 6:32 (14 मार्च)
- उत्तराषाढ़ा
- कृष्ण दशमी (13 मार्च, सुबह 6:29 – 14 मार्च, सुबह 8:11)
- अन्नप्राशन का नक्षत्र और तिथि, शुक्रवार
- शुभ
सोमवार, 16 मार्च 2026
सुबह 9:41 – सुबह 6:28 (17 मार्च)
- धनिष्ठा, शतभिषा
- कृष्ण त्रयोदशी (16 मार्च, सुबह 9:41 – 17 मार्च, सुबह 9:23)
- अन्नप्राशन का नक्षत्र और तिथि, सोमवार
- शुभ
गुरुवार, 19 मार्च 2026
सुबह 4:52 – सुबह 6:25 (20 मार्च)
- रेवती
- शुक्ल द्वितीया (20 मार्च, सुबह 4:52 – 21 मार्च, रात 2:31)
- अन्नप्राशन का नक्षत्र और तिथि, गुरुवार
- शुभ
शुक्रवार, 20 मार्च 2026
सुबह 6:25 – सुबह 6:24 (21 मार्च)
- रेवती, अश्विनी
- शुक्ल द्वितीया (20 मार्च, सुबह 4:52 – 21 मार्च, रात 2:31)
शुक्ल तृतीया (21 मार्च, रात 2:31 – 21 मार्च, रात 11:56) - अन्नप्राशन का नक्षत्र और तिथि, शुक्रवार
- शुभ
बुधवार, 25 मार्च 2026
सुबह 6:19 – दोपहर 1:50
- मृगशिरा
- शुक्ल सप्तमी (24 मार्च, शाम 4:08 – 25 मार्च, दोपहर 1:50)
- अन्नप्राशन का नक्षत्र और तिथि, बुधवार
- शुभ
शुक्रवार, 27 मार्च 2026
सुबह 10:07 – सुबह 6:15 (28 मार्च)
- पुनर्वसु, पुष्य
- शुक्ल दशमी (27 मार्च, सुबह 10:07 – 28 मार्च, सुबह 8:46)
- अन्नप्राशन का नक्षत्र और तिथि, शुक्रवार

स्वर्ण से पूछें
क्या यह मुहूर्त मेरी कुंडली के लिए शुभ है? स्वर्ण से मुफ़्त पूछें
- 1 मार्च रविवार — अन्नप्राशन रविवार, मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- 2 मार्च चंद्रमा आश्लेषा और मघा नक्षत्र में है — इनमें से कोई भी अन्नप्राशन के 16 शुभ नक्षत्रों में नहीं।
- 3 मार्च मंगलवार — अन्नप्राशन रविवार, मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- 7–8 मार्च शनिवार और रविवार — अन्नप्राशन रविवार, मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- 10 मार्च मंगलवार — अन्नप्राशन रविवार, मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- 11–12 मार्च चंद्रमा ज्येष्ठा, मूल और पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र में है — इनमें से कोई भी अन्नप्राशन के 16 शुभ नक्षत्रों में नहीं।
- 14–15 मार्च शनिवार और रविवार — अन्नप्राशन रविवार, मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- 17 मार्च मंगलवार — अन्नप्राशन रविवार, मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- 18 मार्च शुभ नक्षत्र केवल अमावस्या में पड़ता है, जो अन्नप्राशन के लिए वर्जित है।
- 21–22 मार्च शनिवार और रविवार — अन्नप्राशन रविवार, मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- 23 मार्च शुभ नक्षत्र केवल शुक्ल षष्ठी में पड़ता है, जो अन्नप्राशन के लिए वर्जित है।
- 24 मार्च मंगलवार — अन्नप्राशन रविवार, मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- 26 मार्च शुभ नक्षत्र केवल शुक्ल नवमी में पड़ता है, जो अन्नप्राशन के लिए वर्जित है।
- 28–29 मार्च शनिवार और रविवार — अन्नप्राशन रविवार, मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- 30 मार्च चंद्रमा मघा और पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र में है — इनमें से कोई भी अन्नप्राशन के 16 शुभ नक्षत्रों में नहीं।
- 31 मार्च मंगलवार — अन्नप्राशन रविवार, मंगलवार या शनिवार को नहीं होता।
- ये नियम कहाँ से: मुहूर्त चिंतामणि के संस्कार प्रकरण के अन्नप्राशन नियम। कोई बड़ा पंचांग पूरे साल की गणना-आधारित अन्नप्राशन सूची नहीं छापता, इसलिए नियम यहाँ पूरे लिखे हैं, किसी और की तारीखों से मिलाए नहीं गए।
- वार: सोमवार, बुधवार, गुरुवार या शुक्रवार (वैदिक वार, जो सूर्योदय से बदलता है)। मंगलवार, शनिवार या रविवार कभी नहीं।
- नक्षत्र: चंद्रमा इन 16 में से किसी में हो — अश्विनी, रोहिणी, मृगशिरा, पुनर्वसु, पुष्य, उत्तरा फाल्गुनी, हस्त, चित्रा, स्वाति, अनुराधा, उत्तराषाढ़ा, श्रवण, धनिष्ठा, शतभिषा, उत्तर भाद्रपदा और रेवती।
- तिथि: किसी भी पक्ष की द्वितीया, तृतीया, पंचमी, सप्तमी, दशमी, त्रयोदशी, और पूर्णिमा। प्रतिपदा, चतुर्थी, षष्ठी, अष्टमी, नवमी, एकादशी, द्वादशी, चतुर्दशी या अमावस्या नहीं।
- मौसम: कोई नियम नहीं। महीना बच्चे की उम्र से तय होता है, इसलिए मास, खरमास या चातुर्मास का कोई नियम नहीं; केवल अधिक मास वर्जित है। अधिक ज्येष्ठ (अधिक मास) 17 मई 2026 से 15 जून 2026 तक है।
- उम्र — मार्गदर्शन, गणना नहीं: ग्रंथ लड़के के लिए छठा या आठवाँ महीना और लड़की के लिए पाँचवाँ या सातवाँ महीना बताते हैं — जन्म से गिने, लड़कों के सम और लड़कियों के विषम महीने — और कई परिवार सीधे छठा महीना चुनते हैं। बच्चा जिस महीने में है वह देखें, फिर उसकी तारीख यहाँ से चुनें।
- दिन: सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक, नई दिल्ली के अनुसार। जिस दिन को कोई वर्जित अवधि ज़रा भी छूती है, वह पूरा दिन छोड़ दिया जाता है; बाकी दिनों में मुहूर्त वह समय है जब ऊपर की सारी शर्तें एक साथ पूरी हों, और कम से कम 20 मिनट चले।
- जो यहाँ नहीं जाँचा गया: बच्चे की अपनी कुंडली (चंद्र बल और तारा बल) और लग्न। ये पंडित बच्चे के जन्म विवरण से जाँचते हैं।
सामान्य प्रश्न
क्या मार्च 2026 में अन्नप्राशन मुहूर्त है?
हाँ, 10 दिन: 4, 5, 6, 9, 13, 16, 19, 20, 25 और 27 मार्च।
बुधवार, 4 मार्च 2026 को मुहूर्त का समय क्या है?
शाम 4:49 – सुबह 6:42 (5 मार्च) — नई दिल्ली के समय अनुसार, उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र में।
मार्च 2026 के बाद अगला अन्नप्राशन मुहूर्त कब है?
बुधवार, 1 अप्रैल 2026 को।